पश्चिम एशिया तनाव के बीच सरकार और तेल कंपनियां अलर्ट, राज्य में पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और वैश्विक ईंधन बाजार में अस्थिरता के बीच उत्तराखंड में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की सप्लाई को लेकर लोगों में चिंता देखी जा रही है। हालांकि सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों ने साफ किया है कि राज्य में ईंधन की कोई कमी नहीं है और पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है।
आईओसीएल उत्तराखंड के राज्य स्तरीय समन्वयक कृष्ण कुमार गुप्ता ने कहा कि तेल उद्योग अपने व्यापक सप्लाई नेटवर्क के जरिए राज्य में ईंधन की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित कर रहा है। इसमें टर्मिनल, डिपो, एलपीजी बॉटलिंग प्लांट और रिटेल आउटलेट लगातार सक्रिय रूप से काम कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि राज्य भर में पेट्रोल और डीजल की सप्लाई सामान्य रूप से जारी है और सभी पेट्रोल पंपों पर ईंधन वितरण बिना किसी रुकावट के किया जा रहा है। साथ ही घरेलू उपभोक्ताओं को एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति भी सुचारू बनी हुई है।
कृष्ण कुमार गुप्ता ने कहा कि पूरी सप्लाई चेन में पेट्रोलियम उत्पादों का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है और उपभोक्ताओं की मांग को पूरा करने के लिए लगातार रीफिलिंग की जा रही है। सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनियां मिलकर स्टॉक और वितरण व्यवस्था की लगातार निगरानी कर रही हैं ताकि नागरिकों को किसी तरह की परेशानी न हो।
उन्होंने आम लोगों से अपील करते हुए कहा कि घबराकर अनावश्यक खरीदारी न करें और ईंधन की उपलब्धता से जुड़ी किसी भी जानकारी के लिए केवल तेल कंपनियों की आधिकारिक सूचनाओं पर ही भरोसा करें।
गौरतलब है कि वैश्विक ईंधन बाजार में भारी उतार-चढ़ाव का असर देशभर में देखने को मिल रहा है। कई राज्यों से पेट्रोल-डीजल की किल्लत की खबरें सामने आई हैं। वहीं केंद्र सरकार द्वारा पेट्रोल, डीजल और सीएनजी की कीमतों में की गई बढ़ोतरी ने आम जनता की चिंता बढ़ा दी है। हालांकि उत्तराखंड में फिलहाल सप्लाई व्यवस्था पूरी तरह स्थिर बताई जा रही है।
